
फतेहपुर। फतेहपुर प्रखंड के राघोपुर गांव में 12 सितंबर की रात हुए चर्चित शिवम हत्याकांड का पुलिस ने शनिवार को खुलासा कर दिया। यह मामला प्रेम-प्रसंग और गलत कामों की रोक-टोक से उपजे विवाद का नतीजा निकला। वजीरगंज कैंप डीएसपी सुनील कुमार पांडेय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि हत्या का मूल निशाना शिवम का चचेरा भाई सागर था, लेकिन गलतफहमी और परिस्थितियों के चलते 17 वर्षीय शिवम को अपनी जान गंवानी पड़ी।
नशाखोरी और प्रेम प्रसंग से उपजी दुश्मनी
डीएसपी ने बताया कि टनकुप्पा प्रखंड के भेटौरा निवासी धर्मवीर अपने दोस्तों के साथ अक्सर राघोपुर स्थित देवी मंदिर के पास नशीली चीजों का सेवन करता था। इसे लेकर सागर बार-बार रोक-टोक करता था। वहीं प्रेम प्रसंग को लेकर भी धर्मवीर और सागर के बीच पुराना विवाद था। इन्हीं वजहों से धर्मवीर मन ही मन खुन्नस पालकर बैठा था।
सागर की जगह शिवम बना शिकार
हत्या की रात धर्मवीर अपने दो साथियों रामप्रवेश (निवासी रातों) और राजा यादव (निवासी ढीबर) के साथ सागर को मारने की फिराक में था। देर रात जब शिवम फोन पर बात करते हुए घर से बाहर निकला तो अपराधियों ने उसे पकड़ लिया और उसी के मोबाइल से सागर को फोन कराया। लेकिन सागर सोए होने के कारण कॉल रिसीव नहीं कर पाया। इसी बीच शिवम ने धर्मवीर और राजा यादव की कमर में छिपे हथियार देख लिए और भागने की कोशिश की। अपराधियों ने उसे पकड़कर एक अर्द्धनिर्मित स्कूल में ले जाकर कनपटी के पास दो गोली मार दी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद धर्मवीर ने राजा यादव को गया पहुंचाया, जहां से वह ट्रेन पकड़कर फरार हो गया। जबकि खुद धर्मवीर घर लौटकर सो गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए धर्मवीर और रामप्रवेश को उनके घर से, वहीं राजा यादव को गुरपा से गिरफ्तार कर लिया। हत्याकांड में प्रयुक्त बाइक, 13 एटीएम कार्ड, क्लोनिंग मशीन, स्वैप मशीन और एक पैन कार्ड भी बरामद किए गए हैं। डीएसपी ने बताया कि मोबाइल टावर डंप के आधार पर कुछ अन्य लोगों की भी संलिप्तता सामने आई है, जिनकी जांच की जा रही है।
क्या था मामला?
12 सितंबर की रात राघोपुर गांव में 17 वर्षीय शिवम (पुत्र- जितेंद्र कुमार) की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने गया–रजौली मुख्य सड़क जाम कर विरोध जताया था। मृतक के चाचा परशुराम सिंह ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कराया था। पुलिस ने परिजनों को आश्वासन दिया था कि शनिवार तक मामले का खुलासा कर दिया जाएगा।
हत्या के 8 दिनों बाद आज केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे और शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने पूरे मामले की जानकारी ली और न्याय का भरोसा दिलाया।











